बुध का कुंभ राशि में गोचर: जानें विश्व पर प्रभाव!

बुध का कुंभ राशि में गोचर: कैसा पड़ेगा देश-दुनिया पर असर? जानें राशियों पर शुभ-अशुभ प्रभाव! 

बुध का कुंभ राशि में गोचर: एस्ट्रोसेज एआई हमेशा से अपने पाठकों को ज्योतिष की दुनिया में होने वाले हर छोटे से छोटे बदलावों के बारे में सबसे पहले अवगत करवाते रहे हैं। हमारा आज का यह ब्लॉग आपको “बुध का कुंभ राशि में गोचर” से जुड़ी विस्तृत जानकारी प्रदान करेगा। बता दें कि 2026 के दूसरे माह में 03 फरवरी 2026 को बुध महाराज कुंभ राशि में प्रवेश करने जा रहे हैं। बता दें कि कुंभ राशि के अधिपति देव शनि ग्रह हैं और ऐसे में, बुध के इस राशि परिवर्तन का प्रभाव संसार समेत सभी 12 राशियों को प्रभावित करेगा।


यह भी पढ़ें: राशिफल 2026

दुनियाभर के विद्वान ज्योतिषियों से करें कॉल/चैट पर बात और जानें अपने संतान के भविष्य से जुड़ी हर जानकारी

ज्योतिष में बुध ग्रह को “ग्रहों के राजकुमार” कहा जाता हैं और इन्हें देवताओं के दूत माना गया है। बुध ग्रह का संबंध बुद्धि और तर्क से है। साथ ही, यह वाणी को भी नियंत्रित करते हैं। अगर कुंडली में बुध ग्रह की स्थिति मज़बूत होती है, तो वह व्यक्ति एक शक्तिशाली स्पीकर बनता है। यदि बुध देव कमज़ोर या दुर्बल अवस्था में होते हैं, तो जातक मानसिक रूप से कमज़ोर या थोड़ा बुद्धि की कमी वाला हो सकता है। 

बुध का कुंभ राशि में गोचर: तिथि और समय 

सबसे पहले हम बात करेंगे बुध गोचर की, तो सामान्य रूप से बुध का गोचर हर महीने में होता है। बता दें कि बुध का कुंभ राशि में गोचर 03 फरवरी 2026 की रात 09 बजकर 38 मिनट पर होने जा रहा है। 

  बृहत् कुंडली में छिपा है, आपके जीवन का सारा राज, जानें ग्रहों की चाल का पूरा लेखा-जोखा 

बुध कुंभ राशि में: विशेषताएं 

कुंभ राशि में बुध महाराज की उपस्थिति को दिलचस्प माना जाता है क्योंकि बुध यहाँ ऊर्जावान होता है। ऐसे में, यह व्यक्ति की सोच-विचारने, बातचीत करने और जानकारी का उपयोग करने की क्षमता पर असर डालता है। बता दें कि कुंभ राशि वायु तत्व की राशि है जिसके स्वामी ग्रह यूरेनस को भी माना जाता है। इसी वजह से कुंभ राशि में बुध ग्रह के तहत जन्मे लोग रचनात्मक, नए विचारों वाले और सकारात्मक सोच रखते हैं। इन जातकों की सोच दूसरों से अलग होती है और जीवन में उत्पन्न समस्याओं को हल करने के लिए सामान्य रास्तों से हटकर नया रास्ता अपनाते हैं। 

कुंभ राशि में बुध की स्थिति के अंतर्गत जन्मे जातक प्रगतिशील, नई सोच वाले और एकदम हटकर विषयों पर रुचि रखने वाले होते हैं। साथ ही, इन जातकों को समाज की पुरानी सोच और मान्यताओं पर सवाल उठाने से डर नहीं लगता है।

भले ही, ऐसे लोग बहुत रचनात्मक होते हैं लेकिन इनकी सोच तर्क पर आधारित होती है। यह लोग थोड़े विश्लेषणात्मक होते हैं और जीवन का आनंद लेना पसंद करते हैं। बुध के कुंभ राशि में बैठे होने के कारण यह किसी भी निर्णय पर पहुंचने के लिए भावनाओं के बजाय तथ्यों और सबूतों पर भरोसा करना पसंद करते हैं। साथ ही, यह अपने जीवन में आत्म-निर्भरता और बुद्धिमानी को महत्व देते हैं।

AstroSage AI पॉडकास्ट सुनें – यहां आपको मिलेंगे ज्योतिष, जीवन के रहस्य, किस्मत के संकेत और AI द्वारा बताए गए सटीक ज्योतिषीय समाधान। अपनी ज़िंदगी के अहम सवालों के जवाब अब आवाज़ में, आसान भाषा में।

कुंभ राशि में बुध के तहत जन्मे जातक आमतौर पर भविष्य के बारे में सोचने वाले होते हैं। इन्हें विज्ञान, तकनीक और आने वाले समय को लेकर सोच-विचार करने में खास दिलचस्पी होती है। इसके अलावा, सामाजिक बदलाव, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और अंतरिक्ष जैसे विषय इनको विशेष रूप से आकर्षित करते हैं। 

बता दें कि यह जातक कभी-कभी आपको बातों से थोड़े रूखे लग सकते हैं या फिर इनमें आपको भावनाओं का अभाव महसूस हो सकता है क्योंकि ये अक्सर भावनाओं के ऊपर तर्क को महत्व देते हैं, इसलिए इनको अपनी निजी जीवन में भी भावनाओं को ज़ाहिर करने में समस्याओं का सामना करना पड़ता है। ऐसे में, कई बार सामने वाला इनकी भावनाएं समझ नहीं पाता है।

बुध का कुंभ राशि में गोचर: इन राशियों पर पड़ेगा सकारात्मक प्रभाव 

मेष राशि 

मेष राशि के जातकों के लिए बुध महाराज आपके तीसरे और छठे भाव के स्वामी हैं जो अब आपके ग्यारहवें भाव में विराजमान होंगे। इसके परिणामस्वरूप, बुध का कुंभ राशि में गोचर होने से आपको कार्यों में किए जा रहे प्रयासों में आसानी से प्रगति की प्राप्ति हो सकेगी। इस दौरान आपको कोई लंबी दूरी की यात्रा करनी पड़ सकती है और यह यात्रा आपके जीवन में कोई बड़ा बदलाव लेकर आ सकती है। 

जब बात आती है नौकरी की, तो बुध गोचर के दौरान आपके आपकी मेहनत के अच्छे परिणाम मिल सकते हैं। साथ ही, काम के सिलसिले में विदेश यात्रा पर जाने के योग भी बन सकते हैं। जिन जातकों का अपना व्यापार है, उन्हें  बिज़नेस में आने वाली समस्याओं और चुनौतियों का सामना करना होगा, तब ही आपको व्यापार में अच्छा ख़ासा लाभ प्राप्त हो सकेगा। आर्थिक जीवन में आपके खर्चों के बढ़ने की संभावना है इसलिए इस दौरान धन को लेकर आपको सावधानी बरतनी होगी। साथ ही,  धन से जुड़े मामलों में आपको भाग्य का साथ न मिलने की आशंका है।

वृषभ राशि

वृषभ राशि वालों के लिए बुध देव आपके दूसरे और पांचवें भाव के स्वामी हैं। अब यह आपकी राशि के दसवें भाव में प्रवेश करने जा रहे हैं। ऐसे में, बुध का कुंभ राशि में गोचर के दौरान आपको आर्थिक और निजी जीवन में समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। हालांकि, आपको अप्रत्याशित रूप से लाभ मिलने की भी संभावना है। बात करें आपके करियर की, तो इस समय आपको अपने सहकर्मियों और वरिष्ठों के साथ रिश्ते को मधुर बनाए रखना मुश्किल लग सकता है। साथ ही, कार्यों में की गई मेहनत के लिए आपको सराहना न मिलने की आशंका है।

इस राशि के जिन जातकों का अपना व्यापार है, उन्हें बुध गोचर की अवधि में उम्मीद के अनुसार मुनाफा न मिल पाने की स्थिति बन सकती है। वहीं, आर्थिक जीवन में आपके लिए बिना सोचे-समझे और योजना बनाकर खर्च करना हानि का कारण बन सकता है। इसके अलावा, बुध के कुंभ राशि में प्रवेश के दौरान आपके हाथ से आय में वृद्धि का कोई सुनहरा मौका निकल सकता है। ऐसे में, आपको धन को लेकर सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है। 

नए वर्ष की भविष्यवाणी प्राप्त करें वार्षिक कुंडली 2026 से 

मिथुन राशि 

मिथुन राशि के जातकों के लिए बुध देव आपके पहले/लग्न भाव और चौथे भाव के अधिपति देव हैं जो अब आपके नौवें भाव में गोचर करने जा रहे हैं। इसके परिणामस्वरूप, आपको बुध के इस गोचर के दौरान हर कदम पर अपने बड़ों का सहयोग और साथ मिलेगा। बात करें पेशेवर जीवन की, तो बुध का कुंभ राशि में गोचर आपके लिए लंबी दूरी या फिर विदेश यात्रा लेकर आ सकता है जो आपके लिए काफ़ी हद तक फलदायी साबित होंगी। बिज़नेस से जुड़े लोगों को बुध के इस गोचर के दौरान भाग्य का साथ मिलेगा और ऐसे में, आपको नए ऑर्डर और प्रगति के सुनहरे मौके मिलने की संभावना है। आर्थिक जीवन में किस्मत आपका भरपूर साथ देगी जिससे आपको अच्छा ख़ासा धन लाभ होगा   और आप पैसा जमा करने और बचाने में भी सफल रहेंगे।

सिंह राशि

सिंह राशि के जातकों के लिए बुध देव आपके सातवें भाव में गोचर करने जा रहे हैं। बता दें कि बुध महाराज आपके दूसरे और ग्यारहवें भाव के स्वामी हैं। ऐसे में, बुध का कुंभ राशि में गोचर के दौरान आपको जीवन में कुछ खुशनुमा अनुभव प्राप्त होंगे। साथ ही, आपको कुछ यादगार यात्राएं करने का मौका मिल सकता है जिनका आनंद लेते हुए आप दिखाई दे सकते हैं। 

बात करें पेशेवर जीवन की, तो आपको इस समय सकारात्मक परिणामों की प्राप्ति होगी जो आपको प्रगति के मार्ग पर लेकर जाने का काम करेंगे। साथ ही, कार्यों में की गई मेहनत के लिए आपको सराहना मिल सकती है। इस राशि के व्यापार करने वाले जातकों के लिए यह समय आय में वृद्धि के लिए अनुकूल रहेगा क्योंकि आपकी मेहनत रंग लाएगी। आर्थिक जीवन में भी आप पर्याप्त पैसा कमाने के साथ-साथ उसकी बचत करने में सफल रहेंगे जिससे आप खुश और संतुष्ट दिखाई देंगे। 

तुला राशि

तुला राशि वालों के लिए बुध देव आपके नौवें भाव और बारहवें भाव के स्वामी हैं जो अब आपके पांचवें भाव में गोचर करने जा रहे हैं। ऐसे में, बुध का कुंभ राशि में गोचर होने से आपका झुकाव अध्यात्म के प्रति बढ़ सकता है जिससे आपको जीवन के विभिन्न क्षेत्रों में सफलता मिल सकती है। इसके परिणामस्वरूप, आपके धार्मिक या आध्यात्मिक यात्रा पर जाने के भी योग बनेंगे। करियर के क्षेत्र में आपको सकारात्मक परिणाम प्राप्त होंगे, लेकिन ऐसा तब ही होगा जब आपकी इच्छाशक्ति मजबूत, आत्मविश्वास से पूर्ण और खुद को बेहतर बनाने की 

व्यापार को देखें, तो जिन जातकों का संबंध ट्रेडिंग और सट्टेबाजी से है, उन्हें अच्छा लाभ मिलने की संभावना है। साथ ही, आपका व्यापार प्रगति भी हासिल करेंगे। आर्थिक जीवन में बुध का यह गोचर आपको आय में वृद्धि के साथ-साथ बचत करने में भी सफलता दिलाएगा। प्रेम जीवन में आप जीवनसाथी के प्रति समर्पित रहेंगे और उनके साथ मधुर संबंध बनाए रख सकेंगे जिससे वह प्रसन्न दिखाई देंगे। ऐसे में, आप दोनों का रिश्ता अच्छा बना रहेगा। स्वास्थ्य के लिहाज़ से भी यह समय अच्छा रह सकता है क्योंकि आपके भीतर की हिम्मत और साहस आपको इस दौरान एक्टिव और मजबूत बनाए रखेगी। 

रत्न, रुद्राक्ष और अन्य ज्योतिषीय उत्पादों की खरीद के लिए क्लिक करें: एस्ट्रोसेज एआई शॉप 

बुध का कुंभ राशि में गोचर: इन राशियों पर पड़ेगा नकारात्मक असर

कर्क राशि

कर्क राशि वालों की कुंडली में बुध महाराज आपके तीसरे और बारहवें भाव के स्वामी हैं जो अब आपके आठवें भाव में गोचर करने जा रहे हैं। इसके परिणामस्वरूप, बुध का कुंभ राशि में गोचर के दौरान आपको यात्रा के माध्यम से अचानक लाभ हो सकता है, लेकिन आपको थोड़ी सावधानी बरतनी होगी क्योंकि आपसे कुछ कीमती सामान खोने की संभावना है। इस समय आपको कार्यों में मिले-जुले परिणाम प्राप्त हो सकते हैं। जब बात आती है करियर की, तो इन जातकों पर काम का दबाव ज्यादा रह सकता है क्योंकि नौकरी या काम में आपको काफी से अधिक ऑर्डर मिल सकते हैं। इन लोगों को अपनी कंपनी के लाभ को बढ़ाने के लिए थोड़ा बहुत तालमेल बिठाना होगा। साथ ही, व्यापार के संबंध में भी नई रणनीति अपना सकते हैं। 

आर्थिक जीवन में आपको विशेष रूप से सावधानी बरतनी होगी क्योंकि बुध का कुंभ राशि में गोचर के दौरान आपको अप्रत्याशित रूप से धन हानि हो सकती हैं। प्रेम जीवन में आपके और जीवनसाथी के बीच बातचीत और आपसी तालमेल की कमी हो सकती है जिसके चलते आप दोनों के बीच गलतफहमी या नाराज़गी पैदा हो सकती हैं इसलिए आपको अपने शब्दों का चयन बहुत सोच-समझकर करना होगा। स्वास्थ्य की दृष्टि से, बुध के इस गोचर के दौरान आपको पैरों और कमर में दर्द की शिकायत रह सकती है इसलिए आपको हद से ज्यादा तनाव लेने से बचने की सलाह दी जाती है। 

कन्या राशि

कन्या राशि के जातकों के लिए बुध देव आपके पहले/लग्न और दसवें भाव के स्वामी हैं जो अब आपके छठे भाव में गोचर करने जा रहे हैं। बुध का कुंभ राशि में गोचर के दौरान आपको तनाव और धन से जुड़ी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। साथ ही, आप कर्ज़ तले डब सकते हैं। बात करें करियर की, तो इस समय आपको अपने सहकर्मियों और मैनेजर के साथ रिश्तों को मधुर बनाए रखना मुश्किल लग सकता है। संभव है कि इस दौरान आपसे कोई गलती हो सकती है। 

जिन जातकों का अपना व्यापार है, उन्हें बिज़नेस में चीज़ें बहुत व्यवस्थित तरीके से लेकर चलना होगा ताकि आप अच्छा लाभ कमा सकें। हालांकि, ऐसा करना आपके लिए आसान नहीं होगा क्योंकि आपको उतार-चढ़ाव का सामना करना पड़ सकता है। बात करें आर्थिक जीवन की, तो इस दौरान आपको आर्थिक तंगी परेशान कर सकती है इसलिए धन से जुड़े मामलों में सावधानी बरतें। प्रेम जीवन में आपसी समझ और तालमेल की कमी की वजह से आपके और जीवनसाथी के बीच मतभेद जन्म ले सकते हैं इसलिए आपको सोच-समझकर बोलने और धैर्य रखने की सलाह दी जाती है। 

फ्री ऑनलाइन जन्म कुंडली सॉफ्टवेयर से जानें अपनी कुंडली का पूरा लेखा-जोखा

वृश्चिक राशि

वृश्चिक राशि वालों के लिए बुध ग्रह आपके आठवें और ग्यारहवें भाव के स्वामी है जो अब आपके चौथे भाव में गोचर करने जा रहे हैं।  इसके परिणामस्वरूप, आपको बुध का कुंभ राशि में गोचर के दौरान परिवार में समस्या का सामना करना पड़ सकता है या फिर नौकरी में आपका स्थान परिवर्तन हो सकता है जो आपको पसंद न आए जिसकी वजह आप तनाव में आ सकते हैं। यह जातक अपने ऊपर बढ़ते काम के बोझ की वजह से दबाव में आ सकते हैं। जिन जातकों का अपना व्यापार है, उन्हें इस अवधि में अच्छा लाभ न मिलने की संभावना है। 

आर्थिक जीवन में आपको आर्थिक संकट का सामना करना पड़ सकता है जिसका कारण आपके द्वारा लापरवाही से किए जाने वाले खर्चे और योजनाओं की कमी हो सकती हैं। बात करें निजी जीवन की, तो बुध गोचर की अवधि में आपका जो भी कहेंगे, उससे आपका जीवनसाथी असहमत रह सकता है। ऐसे में आपको अधिक सहयोग और समझदारी दिखाने की आवश्यकता होगी। इस समय आपको अपनी माता की सेहत का ध्यान रखना होगा क्योंकि उनके पैरों में दर्द हो सकता है और ऐसे में, आपको उनकी सेहत पर काफ़ी ख़र्च करना पड़ सकता है। 

धनु राशि

धनु राशि वालों के लिए बुध आपकी कुंडली के सातवें और दसवें भाव के स्वामी हैं जो अब आपके तीसरे भाव में गोचर करने जा रहे हैं। ऐसे में, यह जातक बुध गोचर के दौरान अपने दोस्तों और सहकर्मियों के साथ किसी ट्रिप पर जा सकते हैं। साथ ही, आपके दोस्त आपकी सहायता करने में सक्षम होंगे। जब बात आती है करियर की, तो आपको नौकरी में कोई बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है जो आपको पसंद भी आएगा और संतुष्टि देने का काम भी करेगा। इस राशि के जो लोग खुद का व्यापार करते है, उन्हें अपनी कंपनी को शुरू करने के मार्ग में काफ़ी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। साथ ही, आपको पर्याप्त मुनाफा न होने की आशंका है। 

आर्थिक जीवन में अब आप काफ़ी अच्छा लाभ कमाने में सक्षम होंगे और ऐसे में, आप बचत भी कर सकेंगे। निजी जीवन में बात करें, तो बुध का कुंभ राशि में गोचर के दौरान आप प्रसन्न दिखाई देंगे और आप साथी के साथ खुलकर प्यार भरी बातें करते नज़र आएंगे। स्वास्थ्य के मामले में आप अपनी सेहत को अच्छा बनाए रखने में सफल होंगे जो आपके भीतर की ऊर्जा और शक्ति के कारण संभव हो सकेगा। 

पाएं अपनी कुंडली आधारित सटीक शनि रिपोर्ट

बुध का कुंभ राशि में गोचर: विश्व पर प्रभाव 

डिजिटल और इनफार्मेशन टेक्नोलॉजी 

  • बुध गोचर के नकारात्मक पक्ष की बात करें, तो इंटरनेट से जुड़े क्षेत्रों पर बोझ बढ़ सकता है या फिर गलत जानकारी फैलने की आशंका है क्योंकि इस पर बुध के अलावा शनि और राहु ग्रह का भी प्रभाव होगा।
  • साइबर सुरक्षा से जुड़े खतरों जैसे हैकिंग की घटनाएं, डिजिटल धोखाधड़ी और डेटा लीक आदि बढ़ सकते हैं।
  • सरकार द्वारा लिए गए अचानक फैसले जनता के बीच भ्रम और असंतोष को जन्म दे सकते हैं और ऐसे में, विरोध प्रदर्शन हो सकते हैं। 
  • बुध का कुंभ राशि में गोचर के दौरान भावनात्मक कूटनीति कमज़ोर हो सकती है जिसका असर बातचीत पर पड़ सकता है। साथ ही, गलतफ़हमियां जन्म ले सकती हैं। 
  • देश-दुनिया में गलत अफवाह या झूठी खबरें सोशल मीडिया और इंटरनेट के माध्यम से फैलाई जा सकती है।   

व्यापार, इनफार्मेशन टेक्नोलॉजी और ट्रेडिंग 

बुध ग्रह ट्रेड, कॉमर्स, ट्रांसपोर्ट, कम्युनिकेशन, मीडिया, शिक्षा और पब्लिक डिबेट को नियंत्रित करते हैं। कुंभ राशि जनता, लोकतंत्र, विद्रोह, आंदोलन और नई सोच का प्रतिनिधित्व करती है।

  • बुध का कुंभ राशि में गोचर समाज में एक नई सोच को पनपने और पुरानी परंपराओं पर सवाल उठाने की तरफ संकेत करता है।
  • सरकारों और संस्थानों से पारदर्शिता, जवाबदेही और सुधार की मांग देखने को मिल सकती है। 
  • शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव की स्थिति रह सकती है, विशेष रूप से तकनीक, आईटी, टेलीकॉम, एआई और डिजिटल सेक्टर में।

कालसर्प दोष रिपोर्ट – काल सर्प योग कैलकुलेटर

बुध का कुंभ राशि में गोचर: शेयर बाज़ार भविष्यवाणी 

  • बाजार में फैलने वाली ख़बरों, डेटा-आधारित ट्रेडिंग और एल्गोरिदमिक गतिविधियों का असर शेयर बाजार पर दिखाई दे सकता है। 
  • तकनीक के क्षेत्र में आने वाले अपडेट, पॉलिसी को लेकर नए बदलाव और डिजिटल दुनिया से जुड़ी ख़बरों पर तेज़ी से प्रतिक्रिया कर सकती है।   
  • इस समय शेयर बाजार में थोड़ी बहुत गिरावट नज़र आ सकती है।
    रिटेल इन्वेस्टर्स, ऑनलाइन ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म और सोशल-मीडिया लोगों की भावनाओं से प्रभावित हो सकता है। 

सभी ज्योतिषीय समाधानों के लिए क्लिक करें: ऑनलाइन शॉपिंग स्टोर

हम उम्मीद करते हैं कि आपको हमारा यह ब्लॉग ज़रूर पसंद आया होगा। अगर ऐसा है तो आप इसे अपने अन्य शुभचिंतकों के साथ ज़रूर साझा करें। धन्यवाद!

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

1. क्या कुंभ राशि में बुध की स्थिति अच्छी मानी जाती है?

हाँ, कुंभ राशि में बुध की स्थिति शुभ मानी जाती है।

2. कुंभ राशि का स्वामी कौन है?

कुंभ राशि के अधिपति देव शनि ग्रह हैं।

3. कुंभ राशि के सह-स्वामी कौन हैं?

राहु ग्रह