मंगल के गोचर का 12 राशियों पर प्रभाव!

मंगल का मकर राशि में गोचर: जानें, किसे मिलेगा प्रेम का वरदान!

वैदिक ज्‍योतिष में मंगल का मकर राशि में गोचर एक प्रभावशाली और ऊर्जा से भरपूर खगोलीय परिवर्तन है। मंगल को साहस, उत्‍साह, निर्णय लेने की क्षमता, जोश और संघर्ष का कारक माना गया है। जब मंगल ग्रह गोचर करते हैं, तो इसका सीधा प्रभाव मन, विचारों और कर्मों पर पड़ता है।

यह गोचर कई जातकों के लिए नई शुरुआत, दृढ़ इच्छाशक्ति, प्रेम-सौभाग्य और करियर में तेजी ला सकता है, वहीं कुछ लोगों के लिए यह धैर्य, संयम और व्यवहार में संतुलन की आवश्यकता भी उत्पन्न कर देता है। 

इस बार मंगल का मकर राशि में गोचर 12 राशियों के जीवन में खास बदलाव लेकर आएगा। कहीं रिश्तों में नज़दीकियां और उत्‍साह बढ़ेगा, तो कहीं गलतफहमी, उतावलापन और तकरार की स्थिति बन सकती है। कुछ राशियों के लोगों को अपने भाग्य का साथ मिलेगा जबकि कुछ को तुरंत निर्णय लेने से बचने की सलाह दी जाती है।

एस्ट्रोसेज एआई के इस विशेष ब्लॉग में हम जानेंगे कि “मंगल का मकर राशि में गोचर” आपकी राशि को कैसे प्रभावित करेगा, प्रेम, करियर, स्वास्थ्य और धन पर इसका क्या असर पड़ेगा और कौन से उपाय आपके जीवन में संतुलन और सफलता लाने में सहायक होंगे। तो आइए, शुरुआत करते हैं, सबसे पहले जानते हैं इस महत्वपूर्ण गोचर की तिथि और समय।

यह भी पढ़ें: राशिफल 2026

दुनियाभर के विद्वान ज्योतिषियों से करें कॉल/चैट पर बात और जानें अपने संतान के भविष्य से जुड़ी हर जानकारी

मंगल का मकर राशि में गोचर: तिथि और समय

अब 16 जनवरी 2026 की रात 03 बजकर 51 मिनट पर मकर राशि में गोचर करेंगे। मंगल ग्रह पुरुष स्वभाव का उग्र ग्रह है।

ज्योतिष में मंगल ग्रह का महत्व

मंगल ग्रह को साहस, ऊर्जा और कर्म का कारक माना जाता है। यह ग्रह साहस, आत्मविश्वास और निर्णय लेने की क्षमता को नियंत्रित करता है। यदि कुंडली में मंगल मजबूत हो, तो व्‍यक्‍ति अपने जीवन में चुनौतियों का सामना करने में सक्षम होता है। वह जल्दी हार नहीं मानता है और अपने लक्ष्य की ओर तेजी से आगे बढ़ने के लिए तत्‍पर रहता है।

हम क्या करते हैं और कैसे करते हैं, उस पर मंगल ग्रह का सीधा प्रभाव पड़ता है। ज्‍योतिष में मंगल को भूमि, संपत्ति, वाहन और रियल एस्टेट का कारक बताया गया है इसलिए कुंडली में शुभ स्थिति में मंगल के होने पर व्यक्ति को जमीन-प्रॉपर्टी का लाभ मिलता है। उसे अपने घर में रहने का सुख प्राप्‍त होता है। वहीं अशुभ मंगल या कमजोर मंगल भूमि-विवाद, दुर्घटना, गुस्सा, झगड़ा या रुकावटें ला सकता है। 

अगर कुंडली में मंगल अशुभ स्थिति में हो, तो विवाह में देरी, पार्टनर से असहमति या संबंधों में तनाव बढ़ सकता है।

कालसर्प दोष रिपोर्ट – काल सर्प योग कैलकुलेटर

मंगल का मकर राशि में गोचर

मंगल ग्रह व्‍यक्‍ति के अंदर कार्य करने की क्षमता, दूसरों से प्रतिस्‍पर्धा करने का साहस एवं जज्‍बा और चुनौतियों का सामना करने की ताकत को दर्शाता है। मकर राशि में मंगल के प्रवेश करने को महत्‍वपूर्ण माना जाता है। मकर राशि में मंगल उच्‍च का होता है।

ऐसे में उच्‍च का मंगल अपने सर्वोत्तम गुणों को प्रकट करता है और मनुष्‍य के जीवन में अनुशासन का संचार करता है।

मकर राशि के स्‍वामी ग्रह शनि देव हैं जिन्‍हें कर्म, अनुशासन, न्‍याय और धैर्य का प्रतीक माना गया है। स्‍वभाव से मंगल एक उग्र ग्रह है जो शीघ्र प्रतिक्रिया देता है जबकि शनि को स्थिर और धीमा एवं व्‍यवस्थित ग्रह माना गया है।

ऐसे में मकर राशि में मंगल के प्रवेश करने पर मंगल की उग्र ऊर्जा शनि ग्रह के अनुशासन से नियंत्रित हो जाती और व्‍यवहारिक एवं उद्देश्‍यपूर्ण बन जाती है। ऐसा होने पर व्‍यक्‍ति आवेग आकर नहीं बल्कि ठोस योजना बनाकर और निरंतर प्रयास एवं मेहनत से काम करता है।

मंगल का मकर राशि में गोचर का सबसे अधिक प्रभाव करियर पर पड़ता है। इस स्थिति में व्‍यक्‍ति अपने लक्ष्‍यों पर फोकस करता है और उसकी नेतृत्‍व करने की क्षमता में असीम वृद्धि होती है। जो लोग प्रशासन, पुलिस, सेना, निर्माण, रियल एस्‍टेट और मशीनरी एवं इंजीनियरिंग के साथ-साथ तकनीकी क्षेत्रों में काम करते हैं, उन्‍हें इस गोचर से विशेष लाभ होने के आसार हैं।

बृहत् कुंडली में छिपा है, आपके जीवन का सारा राज, जानें ग्रहों की चाल का पूरा लेखा-जोखा

सभी 12 भावों पर मंगल ग्रह का प्रभाव

पहला भाव

इस भाव में मंगल साहस प्रदान करता है और उसे ऊर्जावान, मेहनती एवं तेज निर्णय लेने वाला बनाता है। ये जातक कई बार गुस्सैल भी हो सकते हैं।

दूसरा भाव

कुंडली के दूसरे भाव में मंगल व्‍यक्‍ति की धन कमाने की क्षमता को बढ़ाता है, लेकिन खर्चों  में भी वृद्धि कर देता है। इनके लिए पारिवारिक तनाव बढ़ सकता है।

तीसरा भाव

यह स्थान मंगल के लिए बहुत शुभ माना जाता है। ऐसा व्यक्ति बहादुर, मेहनती, कम्युनिकेशन में मजबूत और भाइयों के लिए सहायक होता है। कार्यक्षेत्र में तेजी से सफलता मिलती है।

चौथा भाव

चौथे भाव में मंगल की उपस्थिति घर-गाड़ी और प्रॉपर्टी का सुख देती है। लेकिन इस स्थिति में मां का स्वास्थ्य खराब रह सकता है या गृह-सुख में उतार-चढ़ाव आ सकता है।

नये साल में करियर की कोई भी दुविधा कॉग्निएस्ट्रो रिपोर्ट से करें दूर

पांचवां भाव

पांचवा भाव व्यक्ति को तेज दिमाग और दूसरों से प्रतिस्‍पर्धा करने वाला बनाता है। मंगल इनके अंदर गुस्सा या आवेग बढ़ा सकता है। इन्‍हें इंजीनियरिंग के क्षेत्र में सफलता मिलती है।

छठा भाव

छठे भाव का मंगल कानूनी मामलों, प्रतियोगिताओं और स्पोर्ट्स में विजय दिलाता है। इनके अंदर साहस अधिक देखने को मिलता है।

AstroSage AI पॉडकास्ट सुनें – यहां आपको मिलेंगे ज्योतिष, जीवन के रहस्य, किस्मत के संकेत और AI द्वारा बताए गए सटीक ज्योतिषीय समाधान। अपनी ज़िंदगी के अहम सवालों के जवाब अब आवाज़ में, आसान भाषा में।

सातवां भाव

सातवें भाव में मंगल विवाह में देरी, विवाद या पार्टनर से अनबन करा सकता है। यही कारण है कि इसे मंगल दोष माना जाता है। सही मेल, दशा और उपाय से रिश्ते सुधरते हैं। पार्टनर ऊर्जावान या आक्रामक हो सकता है।

आठवां भाव

मंगल आठवें भाव में होने पर दुर्घटना, चोट, ऑपरेशन या अचानक खर्च बढ़ा सकता है। मंगल की इस स्थिति में जीवन में उतार-चढ़ाव अधिक रहते हैं।

नये साल में करियर की कोई भी दुविधा कॉग्निएस्ट्रो रिपोर्ट से करें दूर

नौवां भाव

नौवे भाव में मंगल साहस प्रदान करता है और अधिक यात्राएं एवं पिता से विवाद या दूरी देता है। इनकी आध्यात्मिकता के प्रति रुचि ज्‍यादा रहती है।

दसवां भाव

दसवें भाव का मंगल करियर में बड़ी सफलता देता है। यह नेता, पुलिस सेना, इंजीनियर, स्पोर्ट्समैन या बिजनेस में श्रेष्ठ बनाता है। बहुत परिश्रम, संघर्ष और अंत में सम्मान मिलता है।

ग्यारहवां भाव

इस भाव में मंगल मोटी आमदनी, बड़े सपने और तेज़ी से लक्ष्य प्राप्ति देता है। आर्थिक स्थिति बेहद मजबूत होती है।

बारहवां भाव

बारहवे भाव में मंगल खर्च बढ़ाता है और जातक अधिक विदेश यात्रा कर सकता है। यह नींद व मानसिक शांति कम करता है। यह रहस्यमयी विद्या में प्रगति देता है।

मंगल ग्रह को मजबूत करने के सरल उपाय

यदि आप मंगल का मकर राशि में गोचर होने के दौरान इस ग्रह से अच्‍छे फल प्राप्‍त करना चाहते हैं या इसे प्रसन्‍न करना चाहते हैं, तो निम्‍न उपाय कर सकते हैं:

  • रोज़ या मंगलवार के दिन हनुमान चालीसा, बजरंग बाण या सुंदरकांड का पाठ करें। इससे अशुभ मंगल के प्रभाव कम होते हैं। 
  • मंगल ग्रह का संबंध लाल रंग से है। इस गोचर के दौरान या मंगल को प्रसन्‍न करने के लिए अपनी जेब में लाल रुमाल रखें, लाल वस्त्र पहन सकते हैं या मंगलवार को लाल फूल चढ़ाएं।
  • तांबे के बर्तन में पानी पीना या तांबे का कड़ा पहनना मंगल की ऊर्जा को संतुलित और मजबूत करता है।
  • मंगल को शांत एवं मजबूत करने के लिए मंगलवार का व्रत रख सकते हैं। इस दिन लाल चने की दाल या गुड़ का सेवन करने से मंगल मजबूत होता है।

मंगल का मकर राशि में गोचर: राशि अनुसार प्रभाव और उपाय 

मेष राशि

करियर के क्षेत्र में मंगल गोचर के दौरान आपको कार्यों में लाभ मिलेगा। इस दौरान आपको नौकरी के नए अवसर प्राप्त होंगे जबकि…(विस्तार से पढ़ें)

वृषभ राशि

मंगल का मकर राशि में गोचर की अवधि में आपको जीवनसाथी, बिज़नेस पार्टनर और दोस्तों के साथ समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। यह जातक भाग्य…(विस्तार से पढ़ें)

मिथुन राशि

करियर के क्षेत्र में आपको सीमित प्रगति मिलने के आसार हैं। साथ ही, नौकरी में बदलाव या नौकरी के नए अवसर मिलने में भी बाधाएं आ…(विस्तार से पढ़ें)

कर्क राशि

मंगल का मकर राशि का गोचर के दौरान इन जातकों का सारा ध्यान परिवार की प्रगति और रिश्तों पर केंद्रित होगा। धन प्राप्ति होने की संभावना है और ऐसे में…(विस्तार से पढ़ें)

सिंह राशि

आपका सारा ध्यान परिवार की प्रगति पर केंद्रित होगा। मंगल का मकर राशि में गोचर के दौरान आपके नई संपत्ति खरीदने या उसके माध्यम से लाभ…(विस्तार से पढ़ें)

कन्या राशि

मंगल का मकर राशि में गोचर की अवधि में आपको धन हानि और समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। हालांकि, इस दौरान आपके पास…(विस्तार से पढ़ें)

तुला राशि

मंगल का मकर राशि में गोचर लाभ कमाने की दृष्टि से औसत रहेगा और आपके सामने एक के बाद एक खर्चे आ सकते हैं…(विस्तार से पढ़ें)

वृश्चिक राशि 

कार्यों में की जा रही मेहनत और प्रयासों से आपको अच्छी सफलता की प्राप्ति होगी। ऐसे में, आप जीवन में सकारात्मक बदलाव देखेंगे…(विस्तार से पढ़ें)

धनु राशि 

मंगल का मकर राशि में गोचर आपके लिए मिले-जुले परिणाम लेकर आ सकता है। सरल शब्दों में कहें, तो आपको सकारात्मक और नकारात्मक परिणाम मिल सकते हैं…(विस्तार से पढ़ें)

मकर राशि 

आपके मन में नकारात्मक विचार रह सकते हैं, जिससे आपका आत्मविश्वास कम हो सकता है। ऐसे में, आपको अपने लक्ष्यों को हासिल करना…(विस्तार से पढ़ें)

कुंभ राशि

मंगल गोचर के दौरान आपके सामने व्यर्थ के खर्च में वृद्धि हो सकती है। इन लोगों को करियर में कुछ समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है…(विस्तार से पढ़ें)

मीन राशि

इन जातकों को मंगल का मकर राशि में गोचर शुभ फल प्रदान करेगा। इस दौरान आप ज्यादा से ज्यादा धन कमाने के साथ-साथ बचत करने में भी सक्षम होंगे। ऐसे में…(विस्तार से पढ़ें)

सभी ज्योतिषीय समाधानों के लिए क्लिक करें: ऑनलाइन शॉपिंग स्टोर

हम उम्मीद करते हैं कि आपको हमारा यह लेख ज़रूर पसंद आया होगा। अगर ऐसा है तो आप इसे अपने अन्य शुभचिंतकों के साथ ज़रूर साझा करें। धन्यवाद!

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

1. मंगल का मकर राशि में गोचर कब होगा?

मंगल का मकर राशि में गोचर 16 जनवरी 2026 को होगा। 

2. मंगल ग्रह कौन हैं?

मंगल ग्रह को नवग्रहों के सेनापति और युद्ध के ग्रह माना जाता है। 

3. मकर राशि का स्वामी कौन है?

राशि चक्र की दसवीं राशि मकर के अधिपति देव शनि ग्रह हैं।