सूर्य कर रहे हैं सिंह राशि में गोचर, इन राशियों की खुलने वाली है किस्‍मत!

सूर्य का सिंह राशि में गोचर: एस्‍ट्रोसेज के इस ब्‍लॉग में जानिए सूर्य के सिंह राशि में गोचर करने पर किन राशियों का भाग्‍योदय हो रहा है। इसके साथ ही इस ब्‍लॉग में सूर्य के सिंह राशि में गोचर करने पर कुछ ज्‍योतिषीय उपायों की जानकारी भी दी गई है। 17 अगस्‍त, 2023 को दोपहर 1 बजकर 23 मिनट पर सूर्य अपनी स्‍वराशि में प्रवेश कर रहे हैं जिससे कुछ राशियों की किस्‍मत खुल सकती है। सूर्य के इस गोचर से 12 रा‍शियों में से कुछ राशियों को विशेष लाभ मिलने वाला है।

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वैदिक ज्‍योतिष में सूर्य ग्रह को सबसे महत्‍वपूर्ण ग्रह की उपाधि दी गई है और इन्‍हें जीवन का कारक या जीवन दाता भी माना गया है। पृथ्‍वी पर सूर्य के बिना मानव जीवन की कल्‍पना भी नहीं की जा सकती है। ज्‍योतिष में सूर्य ग्रह को बहुत महत्‍वपूर्ण माना गया है।

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सौरमंडल के सभी नौ ग्रहों में सूर्य को आत्‍मा का कारक कहा गया है। ज्‍योतिष शास्‍त्र में सूर्य व्‍यक्‍ति की प्रतिष्‍ठा, आत्‍म-सम्‍मान, अहंकार और करियर का प्रतिनिधित्‍व करते हैं। इसका अर्थ है कि व्‍यक्‍ति को समाज में कितनी प्रतिष्‍ठा मिलेगी या उसका करियर कैसा रहेगा, यह सब बातें उसकी कुंडली में सूर्य की स्थिति पर निर्भर करती हैं। 

इसके अलावा सूर्य देव व्‍यक्‍ति की ताकत, शक्‍ति और दृढ़ इच्‍छा के भी प्रतीक हैं। आपको समाज में कितना मान-सम्‍मान मिलेगा और आपके नेतृत्‍व करने के गुण भी सूर्य देव पर ही निर्भर करते हैं। जन्‍मकुंडली में सूर्य देव पिता का कारक माने जाते हैं। कुंडली में सूर्य देव की स्थिति पर ही निर्भर करता है कि आपके अपने पिता के साथ कैसे संबंध रहेंगे। सूर्य को सरकार, नेता, राजनीतिज्ञ, राजा और उच्‍च अधिकारियों का कारक भी बताया गया है। शरीर में सूर्य ह्रदय और हड्डियों का प्रतिनिधित्‍व करते हैं।

वैदिक ज्‍योतिष में कालपुरुष की कुंडली में सिंह राशि पांचवे स्‍थान पर आती है और इस राशि के स्‍वामी ग्रह सूर्य देव हैं। जन्‍मकुंडली का पांचवा भाव व्‍यक्‍ति के रचनात्‍मक गुणों, शिक्षा, संतान और पुर्नजन्‍म को दर्शाता है। सिंह राशि स्थिर और उग्र स्‍वभाव के साथ-साथ पुरुष तत्‍व की राशि है। यह व्‍यक्‍ति में नेतृत्‍व करने के गुणों, महत्‍वाकांक्षाओं, समाज में प्रतिष्‍ठा और मान-सम्‍मान के साथ-साथ कला और जीवन में मिलने वाले सुख-साधनों का प्रतीक है।

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आधिकारिक और सरकारी पद पर कार्य कर रहे लोगों के लिए सूर्य का सिंह राशि में गोचर काफी शुभ और फलदायी साबित होगा। सूर्य के सिंह राशि में आने पर राजनेता और लीडर अपनी शक्‍ति और ताकत को समाज की भलाई और कल्‍याण में लगाएंगे। 

जो लोग कला के क्षेत्र से जुड़े हैं या पेशे से कलाकार हैं, उन्‍हें भी इस गोचर से विशेष लाभ मिलने की संभावना है। हर व्‍यक्‍ति पर सूर्य के गोचर का अलग प्रभाव पड़ता है और आपको इससे लाभ होगा या नुकसान, यह इस बात पर निर्भर करता है कि आपकी कुंडली में सूर्य की स्थिति क्‍या है और कौन-सी दशा चल रही है और सूर्य किस भाव में गोचर कर रहे हैं।

सूर्य का सिंह राशि में गोचर: इन राशियों की खुलेगी किस्‍मत

मेष राशि

सूर्य इस राशि के पांचवे भाव में गोचर कर रहे हैं। पढ़ाई कर रहे छात्रों को इस गोचर से लाभ मिलने के योग बन रहे हैं। छात्रों की ध्‍यान लगाने की क्षमता और एकाग्रता बढ़ेगी और इसके साथ ही उनकी बुद्धि और ऊर्जा में भी वृद्धि होगी। माता-पिता को इस गोचर के दौरान बच्‍चों के साथ अपने रिश्‍ते को मजबूत करने की सलाह दी जाती है। कला, थियेटर, एंटरटेनमेंट और संगीत आदि जैसे क्षेत्रों से जुड़े लोगों के लिए अच्‍छा समय है। जो लोग क्रिएटिव क्षेत्राें में काम करते हैं, उन्‍हें सूर्य के गोचर से फायदा मिलने के संकेत हैं। कार्यक्षेत्र में आपने जितनी भी मेहनत की है, उसका फल अब आपको मिलने वाला है। शेयर बाजार से पैसा  कमाने वाले लोगों को इस समय सावधान और सतर्क रहने की सलाह दी जाती है वरना इन्‍हें नुकसान हो सकता है। कुल मिलाकर मेष राशि के लोगों को सूर्य के इस गोचर से फायदा होगा।

वृषभ राशि

वृषभ राशि के लिए सूर्य उनके चौथे भाव के स्‍वामी हैं और चौथे भाव से वह आपके दसवें भाव को दृष्टि डाल रहे हैं। इस गोचर के प्रभाव से वृषभ राशि के लोगों का पेशेवर जीवन बेहतर होने की संभावना है। सूर्य का दसवें भाव में होना या कुंडली के इस भाव पर सूर्य की दृष्टि होना काफी शुभ और फलदायी मानी जाती है।

कार्यक्षेत्र में आप अपने काम और मेहनत से वरिष्‍ठ और उच्‍च अधिकारियों को खुश करने में सफल होेंगे। आपको काम में इनका सहयोग भी प्राप्‍त हो सकता है। सूर्य चौथे भाव में दुर्बल हो जाते हैं इसलिए आपको ऑफिस में किसी के मार्गदर्शन की जरूरत पड़ सकती है। चूंकि, सूर्य का यह गोचर आपको शुभ प्रभाव देगा इसलिए किसी का सहयोग या मार्गदर्शन पाने की आपकी इच्‍छा पूरी होगी।

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मिथुन राशि

मिथुन राशि के लिए सूर्य उनके तीसरे भाव के स्‍वामी हैं और वह अपनी ही राशि में गोचर करने वाले हैं। जन्‍मकुंडली का तीसरा भाव भाई-बहनों के साथ संबंध, रुचि , बात करने के कौशल को दर्शाता है। इस भाव से यह भी पता चलता है कि व्‍यक्‍ति को नज़दीकी जगहों पर यात्रा करने के कितने अवसर मिलेंगे। सूर्य के सिंह राशि में गोचर करने पर मिथुन राशि के लोगों का साहस और आत्‍मविश्‍वास बढ़ जाएगा। अचानक से आपके व्‍यवहार में कोई बदलाव आने की संभावना है। आप दूसरों पर हुकुम चलाना शुरू कर सकते हैं।

आप किस तरह से बात करते हैं और अपने विचारों और आइडिया को किस तरह से दूसरों के सामने पेश करते हैं, यह सब कुंडली के तीसरे भाव से देखा जाता है। मार्केटिंग, सोशल मीडिया या कंसलटेशन जैसी जिस भी जॉब में अच्‍छे कम्‍यूनिकेशन स्किल्‍स की जरूरत होती है, उन क्षेत्रों में आप लोगों को अपनी बातों से काफी प्रभावित करने वाले हैं।

सूर्य तीसरे भाव से आपके नौवें भाव पर भी दृष्टि डाल रहे हैं जिससे पिता के साथ आपका रिश्‍ता बेहतर होने की उम्‍मीद है। वो आपके काम की प्रशंसा कर सकते हैं। इस समय आध्‍यात्मिक कार्यों में आपकी रुचि बढ़ेगी और आप अध्‍यात्‍म से जुड़ी शिक्षा पाने में अपनी दिलचस्‍पी दिखा सकते हैं। हीलर्स और ज्‍योतिषियों के लिए यह समय फायदेमंद साबित होगा।

कर्क राशि 

कर्क राशि के दूसरे भाव के स्‍वामी सूर्य ग्रह हैं। सूर्य के सिंह राशि में गोचर करने पर कर्क राशि के लोगों को करियर और पेशेवर जीवन में लाभ मिल सकता है। सूर्य के शुभ प्रभाव से फाइनेंस सेक्‍टर या राजनीति के क्षेत्र में काम कर रहे लोगों को अधिक फायदा होगा। आप नए विचारों से लबरेज हो सकते हैं और अपने इन विचारों को अच्छे से क्रियान्वित करने में सफल होंगे।

कर्क राशि के लोगों को अपने परिवार का पूरा साथ मिलेगा जिससे उनका मन प्रसन्‍न रहेगा। सूर्य दूसरे भाव से आठवें भाव को देख रहे हैं जिससे रिसर्च और रहस्‍यमयी विज्ञान के क्षेत्र में काम कर रहे लोगों या इन विषयों की पढ़ाई कर रहे छात्रों को बहुत कुछ नया सीखने को मिलेगा। आपको ज्‍योतिष, रिसर्च के क्षेत्र या रहस्‍यमयी विज्ञान के क्षेत्र में नए स्किल सीखने और उन्‍हें इस्‍तेमाल करने के तरीकों के बारे में सीखने का अवसर मिलेगा।

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वृश्चिक राशि

सूर्य वृश्चिक राशि के दसवें भाव के स्‍वामी हैं और यह अपनी ही स्‍वराशि और दसवें भाव में गोचर कर रहे हैं। कुंडली का दसवां भाव पेशेवर जीवन को दर्शाता है। सूर्य को दसवें भाव में दिशात्मक बल प्राप्त हो रहा है इसलिए इस गोचर से वृश्चिक राशि के लोगों को उच्‍च अधिकारियों या अपने वरिष्‍ठ अधिकारियों से करियर में कोई लाभ मिलने की संभावना है। सूर्य का सिंह राशि में गोचर आपके पेशेवर जीवन के लिए फायदेमंद साबित होगा।

सरकारी क्षेत्रों में काम कर रहे लोगों या राजनेताओं, डॉक्‍टरों और मल्‍टीनेशनल कंपनी में काम कर रहे लोगों को आगे बढ़ने के लिए नए अवसर मिल सकते हैं। व्‍यापारियों को भी इस गोचर के प्रभाव से सरकार या उच्‍च अधिकारियों से कोई फायदा हो सकता है। आपमें ऊर्जा का एक नया संचार होगा और लोग आपके नेतृत्‍व करने के गुण की तारीफ करेंगे।

धनु राशि

सूर्य धनु राशि के नौवें भावे के स्‍वामी हैं और उनका यह गाेचर नौंवे भाव में ही हाे रहा है। विदेश जाकर पढ़ाई करने की इच्‍छा रखने वाले छात्रों का सपना अब पूूरा हो सकता है। आपको अपने कार्यों में सफलता मिलेगी। इस समय आपको अपने पिता और गुरु या मार्गदर्शक का सहयोग भी प्राप्‍त होगा। सूर्य के सिंह राशि में गोचर करने के दौरान लंबी और धार्मिक यात्राओं के लिए शुभ समय है।

इस अवधि में की गई यात्रा के सफल होने की प्रबल संभावना है। अध्‍यात्‍म की ओर आपकी रुचि बढ़ सकती है और आपका रुझान अच्‍छे कर्म करने की ओर रहेगा। नौंवे भाव से सूर्य की दृष्टि आपके तीसरे भाव पर पड़ रही है जिससे धनु राशि के लोगाें का साहस और आत्‍मविश्‍वास बढ़ेगा। आप अपनी बातों से भी लोगों को प्रभावित करने में सफल होंगे। इस समय आपके छोटे भाई-बहन भी आपकी सहायता करते हुए नज़र आ सकते हैं।

सूर्य के सिंह राशि में गोचर करने पर करें ये उपाय

  • रविवार के दिन आप गुड़, गेहूं और तांबे का दान करें।
  • रोज तुलसी के पौधे पर जल चढ़ाएं। रविवार के दिन आपको जल नहीं चढ़ाना है।
  • प्रतिदिन आदित्‍य हृदय स्‍तोत्रम का पाठ करने से आपको लाभ होगा।
  • लाल और नारंगी रंग के कपड़े पहनना शुभ रहेगा।
  • तांबे के लोटे में पानी भरकर उसमें कुछ गुलाब की पत्तियां डालें और सूर्य को अर्घ्‍य दें। आपको यह उपाय रोज करना है।

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