शुक्र का कर्क राशि में गोचर: जानें सभी 12 राशियों पर इसका प्रभाव व उपाय!

ज्योतिष शास्त्र में ग्रहों का हर एक व्यक्ति के जीवन में विशेष महत्व होता है। सभी अच्छी-बुरी घटनाओं का संबंध ग्रहों से ही होता है। इसी प्रकार ग्रहों के राशि परिवर्तन को भी बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है। सभी ग्रह एक निश्चित अंतराल के बाद गोचर करते हैं। ग्रहों के गोचर से शुभ-अशुभ परिणाम देखने को मिलते हैं। इसी क्रम में सौभाग्य और धन के ग्रह शुक्र 30 मई 2023 की शाम 7 बजकर 39 मिनट पर कर्क राशि में गोचर करेंगे। ज्योतिष शास्त्र में शुक्र को एक शुभ ग्रह माना गया है। शुक्र भोग और विलास प्रदान करने वाले ऐसे ग्रह हैं जिनकी कृपा से जीवन में सभी सुख-सुविधाओं की प्राप्ति होती है। शुक्र का कर्क राशि में गोचर से सभी 12 राशियां भिन्न-भिन्न प्रकार से प्रभावित होंगी। तो आइए एस्ट्रोसेज के इस विशेष ब्लॉग में विस्तारपूर्वक जानते हैं कि शुक्र के गोचर का सभी राशि के जातकों पर क्या प्रभाव पड़ सकता है और इसके अशुभ प्रभावों से बचने के क्या उपाय हैं लेकिन इससे पहले जान लेते हैं शुक्र का ज्योतिष में महत्व।

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ज्योतिष में शुक्र ग्रह का महत्व

शुक्र वृषभ और तुला राशि के स्वामी हैं। कन्या इनकी नीच राशि मानी जाती है जबकि मीन उच्च राशि होती है। नक्षत्रों की बात करें तो शुक्र को 27 नक्षत्रों में से भरणी, पूर्वा फाल्गुनी और पूर्वाषाढ़ा नक्षत्रों का स्वामित्व प्राप्त है। ग्रहों में यह बुध और शनि ग्रह से मित्रता का भाव रखते हैं जबकि सूर्य और चंद्रमा से इनकी शत्रुता है।

शुक्र के गोचर की अवधि की बात करें तो यह लगभग 23 दिन की होती है यानी यह एक राशि में 23 दिनों तक मौजूद रहते हैंं और फिर इसके बाद दूसरी राशि में गोचर करते हैं। जिन जातकों की कुंडली में शुक्र ग्रह स्थिति कमजोर होती है। उन्हें आर्थिक परेशानियां, सेहत संबंधी परेशानियों के साथ-साथ वैवाहिक जीवन में भी उतार-चढ़ाव का सामना करना पड़ सकता है। इसके विपरीत यदि कुंडली में शुक्र ग्रह मजबूत भाव में होते हैं तो व्यक्ति को सभी तरह की भौतिक सुख सुविधाएं प्राप्ति होती है। इसके अलावा शुक्र ग्रह मजबूत होने पर जातक संगीतकार, पेंटर, फैशन, डिज़ाइनिंग, इवेंट मैनेजमेंट, कपड़ा उद्योग, होटल, रेस्टोरेंट, टूर एंड ट्रेवल, थिएटर, साहित्यकार, फिल्म इंडस्ट्री आदि क्षेत्रों में बेहतर प्रदर्शन करता है।

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कर्क राशि में शुक्र ग्रह का प्रभाव

कर्क राशि में शुक्र के प्रभाव से जातक अपने व्यक्तित्व को निखारने पर अधिक ध्यान देता है और दूसरों को आकर्षित करने में सक्षम होता है। व्यक्ति में अपने स्थान को सजाने और संवारने की भी इच्छा होती है। फर्नीचर या सजावट का सामान खरीदना पसंद होता है। ऐसे व्यक्ति आशावादी और वफादार होते हैं तथा हर कार्य को मन लगाकर करते हैं। हालांकि कई बार इनके लिए अतिसंवेदनशील होना परेशानी का कारण भी बन सकता है। 

करियर की बात करें तो कर्क राशि में शुक्र के प्रभाव से जातक अधिक रचनात्मक होता है। कार्यक्षेत्र में कई विकल्प जातक के पास मौजूद हो सकते हैं। संचार के क्षेत्र में इन्हें अच्छे अवसर प्राप्त होते हैं। 

प्रेम और वैवाहिक जीवन की बात करें तो ऐसे व्यक्ति में रोमांस और संवेदनशीलता का गज़ब का मिश्रण दिखाई देता है। ये अपने साथी को पूर्ण रूप से अपना होते हुए देखना पसंद करते हैं। ये अपने साथी के साथ कैंडल लाइट डिनर पर जाना पसंद करते हैं और रोमांटिक फिल्में देखना पसंद करते हैं। कुछ बातों में ये पजेसिव भी दिखाई देते हैं। 

शुक्र के कमज़ोर होने पर मिलते हैं ये संकेत

अगर आपकी कुंडली में शुक्र देव मजबूत स्थिति में होते हैं, तो धन, संपत्ति वाहन और दांपत्य जीवन का सुख प्राप्त होता है लेकिन अगर कुंडली में शुक्र की स्थिति अच्छी नहीं है, तो आपको कई परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। आइए जानते हैं कमज़ोर शुक्र होने पर व्यक्ति को किस तरह के संकेत प्राप्त होते हैं।

  • शुक्र को भौतिक सुख-सुविधाओं का कारक माना जाता है। ऐसे में यदि कुंडली में शुक्र का अशुभ प्रभाव हो तो जातक को भौतिक सुख-सुविधाओं में कमी महसूस होती है।
  • आर्थिक तंगी का सामना करना पड़ सकता है।
  • प्रेम संबंधों में बाधा आती है और कई बार रिश्ते बनते ही नहीं है या बनते-बनते बिगड़ जाते हैं।
  • जातक को वैवाहिक जीवन में उतार-चढ़ाव का सामना करना पड़ सकता है और व्यक्ति संतान सुख से वंचित रह सकता है।
  • इसके अलावा शुक्र ग्रह कमजोर स्थिति में होता है तो उस व्यक्ति पर बीमारियों का खतरा मंडराने लगता है।
  • शुक्र अशुभ प्रभाव से पीड़ित व्यक्ति का आत्मविश्वास कमजोर होने लगता है और कई बार खुद पर से ही भरोसा खत्म हो जाता है।

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कुंडली में शुक्र ग्रह के मजबूत होने पर मिलते हैं ये संकेत

  • जिन जातकों की कुंडली में शुक्र ग्रह मजबूत होते हैं वे बहुत ही सुंदर और आकर्षक होते हैं।
  • शुक्र ग्रह के कुंडली में शुभ होने पर व्यक्ति के अंदर भरपूर आत्मविश्वास होता है और वह लोकप्रिय बनता है।
  • ऐसे जातक समाज में मान-सम्मान और मेहनत के आधार पर प्रसिद्धि प्राप्त करते हैं।
  • जब भौतिक सुखों में बढ़ोतरी होने लगे तो यह शुक्र के शुभ संकेत हैं।
  • जब हर कार्य में लगातार सफलताएं मिलने प्रारंभ होने लगे तो समझिए यह मजबूत शुक्र के संकेत हैं।
  • इसके अलावा जब सुख-सुविधाओं में वृद्धि होने लगे तो कुंडली में शुक्र मजबूत होता है।
  • कुंडली में शुक्र ग्रह के मजबूत होने पर व्यक्ति कला और मनोरंजन के क्षेत्र में अच्छा प्रदर्शन करता है और अनुकूल परिणाम प्राप्त करता है।

शुक्र को मजबूत करने के आसान उपाय

  • 11 या 21 शुक्रवार का व्रत रखें।
  • प्रतिदिन शुक्र के मंत्र ‘शुं शुक्राय नम:’ या ‘ॐ द्रां द्रीं द्रौं स: शुक्राय नम:’ मंत्र का कम से कम 108 बार जाप करें।
  • भोजन में दूध, दही, चावल, शक्कर आदि अधिक से अधिक उपयोग करें। हो सके तो शुक्रवार के दिन इन चीज़ों का दान भी करें।
  • शुक्र को मजबूत करने के लिए आप ओपल या हीरा धारण कर सकते हैं लेकिन इसके लिए ज्योतिषी की सलाह जरूर लें।
  • इसके अलावा शुक्रवार के दिन पारद शिवलिंग की आराधना करनी चाहिए।
  • शुक्र ग्रह शुभ प्रभाव के लिए शुक्रवार के दिन श्री सूक्त का नियमित पाठ करना चाहिए।

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शुक्र का कर्क राशि में गोचर: सभी राशियों पर प्रभाव

मेष राशि

मेष राशि के जातकों के लिए शुक्र का चौथे भाव में गोचर आपको परिवार में शांति प्रदान करने वाला रहेगा। आप अपने परिवार की सुख सुविधाओं को… (विस्तार से पढ़ें)

वृषभ राशि

शुक्र आपकी राशि के स्वामी होकर तीसरे भाव में गोचर करेंगे। आपके अंदर कला का विकास होगा। छोटी छोटी यात्राएं होंगी। ये यात्राएं…(विस्तार से पढ़ें)

मिथुन राशि

मिथुन राशि के जातकों की बात करें तो शुक्र आपके द्वितीय भाव में प्रवेश करेंगे। यह आपके राशि स्वामी बुध के परम मित्र हैं। शुक्र का कर्क राशि में गोचर आपको…(विस्तार से पढ़ें)

कर्क राशि

कर्क राशि के जातकों के लिए शुक्र प्रथम भाव में प्रवेश करेंगे यानी कि आपकी ही राशि में शुक्र का प्रवेश होगा। आपके मन में अच्छे अच्छे विचार आएंगे…(विस्तार से पढ़ें)

सिंह राशि

शुक्र का कर्क राशि में गोचर सिंह राशि के जातकों के द्वादश भाव में होगा। इस गोचर के प्रभाव से विदेश जाने के प्रबल योग बन पाएंगे। आप के खर्चों में तो बढ़ोतरी होगी लेकिन…(विस्तार से पढ़ें)

कन्या राशि

कन्या राशि के जातकों के लिए शुक्र एकादश भाव में प्रवेश करेंगे। शुक्र का कर्क राशि में गोचर आपके लिए संभावनाओं का समय होगा। आपकी इच्छाओं की पूर्ति होने लगेगी जिससे…(विस्तार से पढ़ें)

तुला राशि

शुक्र का कर्क राशि में गोचर तुला राशि के जातकों के दशम भाव में होगा। शुक्र आपकी राशि के स्वामी भी हैं और ऐसे में दशम भाव में शुक्र का जाना कार्यक्षेत्र के अनुकूल तो रहेगा लेकिन…(विस्तार से पढ़ें)

वृश्चिक राशि

वृश्चिक राशि के जातकों के लिए शुक्र नवम भाव में गोचर करने वाले हैं। शुक्र का कर्क राशि में गोचर आपको लंबी यात्राओं पर लेकर जाएगा। ये यात्राएं आपके…(विस्तार से पढ़ें)

धनु राशि

धनु राशि के जातकों के लिए शुक्र का गोचर अष्टम भाव में होगा। चोरी-छिपे खर्च करने की आदत से बचें और अपनी सुख-सुविधाओं पर…(विस्तार से पढ़ें)

मकर राशि

मकर राशि के जातकों के लिए शुक्र योगकारक ग्रह की भूमिका निभाते हैं और वर्तमान गोचर में यह आपके सप्तम भाव में प्रवेश करेंगे। यह समय…(विस्तार से पढ़ें)

कुंभ राशि

शुक्र का कर्क राशि में गोचर आपके षष्ठ भाव में होने वाला है। यह आपके एक योगकारक ग्रह हैं। इस गोचर के प्रभाव से आपके विरोधी कुछ प्रबल होने लगेंगे और…(विस्तार से पढ़ें)

मीन राशि

मीन राशि के जातकों के लिए शुक्र पंचम भाव में प्रवेश करेंगे जिसे प्रेम का भाव भी कहते हैं। शुक्र का कर्क राशि में गोचर आपके प्रेम संबंधों के लिए संजीवनी का काम करेगा…(विस्तार से पढ़ें)

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