ग्रहण-गोचर-और त्योहारों से भरा जुलाई का महीना

जुलाई 2020 पर एक नज़र 

जानिए साल का सातवाँ महीने जुलाई, हम सबके लिए क्या कुछ लेकर आने वाला है साल 2020, अनिश्चितताओं से भरा एक ऐसा साल बन चुका है जहाँ अगले महीने क्या हो जाने वाला है, किसी को खबर भी नहीं है। मौजूदा हालात के चलते सभी के मन में ढेरों सवाल हैं जिनके जवाब हम सभी ढूंढना चाहते हैं। अपने मन में उठे किसी भी सवाल का जवाब जानने के लिए अभी यहां क्लिक करें और हमारे विशेषज्ञ ज्योतिषियों से परामर्श पाएं। 

इस साल की शुरुआत से ही पूरा देश कोरोना महामारी की मार झेल रहा है। लोग अपनी नौकरियाँ खो रहे हैं तो वहीं दूसरी तरफ ना जाने कितने लोग मौत के मुंह में समा जा रहे हैं। आइये ऐसे में एक नज़र डालते हैं कि जुलाई 2020 का महीना हमारे लिए क्या कुछ लेकर आने वाला है?

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इस आर्टिकल में जानें, जुलाई में जन्मे लोगों की कुछ विशेषताएँ, साथ ही इस महीने में आने वाले व्रत-त्यौहार और ग्रहण की संपूर्ण जानकारी। साथ ही जुलाई के महीने से जुड़ी कुछ महत्वपूर्ण भविष्यवाणी भी आपको यहाँ मिलेगी।

जुलाई में जन्मे लोगों के बारे में कुछ ख़ास बातें

जुलाई में जन्मे लोगों का व्यक्तित्व : जुलाई में जन्मे व्यक्ति काफी मेहनती और जीवन के प्रति सकारात्मक रवैया रखने वाले होते हैं। नए-नए दोस्त बनाना और नयी जगहों पर घूमने जाना इन्हें काफी पसंद होता है।

जुलाई में जन्मे लोगों का रोमांस : जुलाई में जन्मे लोगों को बेस्ट लवर होने के लिए जाना जाता है। हालाँकि यह अपनी फीलिंग अपने पार्टनर को बताने में काफी संकोची होते हैं लेकिन प्यार और रोमांस के लिहाज़ से अव्वल भी होते हैं।

जुलाई में जन्मे लोगों का करियर : जुलाई में जन्मे लोग बेहद बुद्धिमान और मेहनती होते हैं, जिसके चलते वो अपने जीवन में जो भी करियर चुनते हैं उन्हें उसमें सफ़लता अवश्य मिलती है।

जुलाई में जन्मे लोगों का आर्थिक पक्ष : जुलाई में जन्मे लोग पैसों को संचित करने के मामले में बेहद कुशल होते हैं, लेकिन जब खर्चे करने पर आये तो वो जमकर खर्च भी करने के लिए जाने जाते हैं।

जुलाई में जन्मे लोगों का स्वास्थ्य : जुलाई में जन्मे लोग अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहते हैं। हालाँकि उन्हें आँख से संबंधित कोई परेशानी अवश्य उठानी पड़ सकती है।

जुलाई में जन्मे लोगों का समाज में मान-सम्मान : जुलाई में जन्मे लोग प्रसिद्धि के मामले में भी काफ़ी आगे तक जाते हैं। महेंद्र सिंह धोनी, अजीज़ प्रेमजी, प्रियंका चोपड़ा, सौरव गांगुली जुलाई में ही जन्मे हैं।

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जुलाई में आने वाले व्रत/त्यौहार-गोचर-ग्रहण की संपूर्ण जानकारी 

1 जुलाई,  बुधवार : देवशयनी एकादशी , अषाढ़ी एकादशी, चातुर्मास प्रारंभ 

आषाढ़ी एकादशी को देवशयनी एकादशी, हरिशयनी एकादशी और पद्मनाभा एकादशी के नामों से भी जाना जाता है। यह समय भगवान विष्णु के शयन का समय होता है। इस समय भगवान विष्णु चार मास के लिए क्षीरसागर में शयन करते हैं। 

(देवशयानी एकादशी का शुभ मुहूर्त जानने के लिए यहाँ क्लिक करें)

देवशयानी एकादशी से ही चातुर्मास का प्रारंभ होता है। चातुर्मास का अर्थ होता है, चार महीनों का एक ऐसा समय, जब श्रृष्टि के कर्ता-धर्ता भगवान विष्णु शयन में चले जाते हैं। इस दौरान सभी तरह के मांगलिक कार्य वर्जित हो जाते हैं। इस वर्ष चातुर्मास कुल 148 दिन, यानि लगभग पांच महीनों तक तक का रहने वाला है।

2 जुलाई, गुरुवार : प्रदोष व्रत (शुक्ल)

प्रदोष व्रत को एक अत्यंत शुभ और बेहद ही फलदायी व्रत बताया गया है। इस प्रदोष व्रत का सीधा संबंध भगवान शिव और माता पार्वती से होता है। शुक्ल पक्ष और कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी को ये व्रत मनाया जाता है।

(इस साल के सभी प्रदोष व्रत की सूची आपको यहाँ मिलेगी)

5 जुलाई,रविवार : गुरु-पूर्णिमा , आषाढ़ पूर्णिमा व्रत

हर साल आषाढ़ मास की पूर्णिमा के दिन गुरु पूर्णिमा का पर्व मनाया जाता है। इस दिन गुरु की पूजा की जाती है। पूरे भारत में ये त्यौहार बड़ी ही धूमधाम और श्रद्धा के साथ मनाया जाता है। 

(गुरु पूर्णिमा का शुभ मुहूर्त जानने के लिए यहाँ क्लिक करें)

7 जुलाई, मंगलवार : कोकिला व्रत 

कोकिला व्रत सुहागिन महिलाएं और कुंवारी कन्याएं दोनों रखती हैं। सुहागिन महिलाएं अपने पति की लंबी उम्र के लिए इस व्रत को रखती हैं तो वहीं  कुंवारी कन्याएं मन चाहा वर पाने के लिए इस व्रत को रखती हैं। 

8 जुलाई, बुधवार : संकष्टी चतुर्थी

भगवान गणेश को प्रसन्न करने के लिए उनकी एक खास पूजा-व्रत का विधान बताया गया है जिसे संकष्टी चतुर्थी कहते हैं। 

(इस साल की सभी संकष्टी चतुर्थी की सूची देखने के लिए यहाँ क्लिक करें)

16 जुलाई, गुरुवार : कामिका एकादशी , कर्क संक्रांति

कामिका एकादशी के दिन भगवान विष्णु के उपेंद्र स्वरूप की पूजा की जाती है। कामिका एकादशी के बारे में कहा जाता है कि ये एकादशी विष्णु भगवान की पूजा के लिए सबसे उत्तम और सर्वश्रेष्ठ होता है।

(कामिका एकादशी का शुभ मुहूर्त जानने के लिए यहाँ क्लिक करें)

18 जुलाई, शनिवार : मासिक शिवरात्रि , प्रदोष व्रत (कृष्ण)

महाशिवरात्रि और मासिक शिवरात्रि के बारे में कहा जाता है कि जो कोई भी इंसान इस व्रत को रखता है और भगवान शिव की सच्चे मन से पूजा करता है उसकी हर मुश्किलें आसान हो जाती हैं। 

(मासिक शिवरात्रि से जुड़ी संपूर्ण जानकारी के लिए यहाँ क्लिक करें)

20 जुलाई, सोमवार : श्रावण अमावस्या

श्रावण मास में आने वाली अमावस्या को श्रावणी अमावस्या कहा जाता है, चूंकि इस मास से सावन महीने की शुरुआत होती है इसलिए इसे हरियाली अमावस्या भी कहते हैं।

(श्रावण अमावस्या का शुभ मुहूर्त जानने के लिए यहाँ क्लिक करें)

23 जुलाई, गुरुवार : हरियाली तीज

हरियाली तीज के दिन सुहागिन महिलाएं अपने पति की लंबी उम्र की कामना करने के लिए भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा करती हैं|  इस दिन महिलाएं श्रृंगार करती हैं और हाथों में मेहँदी लगाती हैं|

(अपने शहर के अनुसार जानें हरियाली तीज का शुभ मुहूर्त)

25 जुलाई, शनिवार : नाग पंचमी

नाग पंचमी का त्यौहार नागों को समर्पित होता है। यह खास त्यौहार हर साल श्रावण मास के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को मनाये जाने की परंपरा है। 

(श्रावण अमावस्या का शुभ मुहूर्त जानने के लिए यहाँ क्लिक करें)

30 जुलाई, गुरुवार : श्रावण पुत्रदा एकादशी

श्रावण पुत्रदा एकादशी देशभर में बड़ी ही धूमधाम के साथ मनाई जाती है। इस व्रत के बारे में मान्यता है कि इस व्रत को रखने से संतान सुख की प्राप्ति और मृत्यु के बाद मोक्ष की भी प्राप्ति होती है। 

(जानें श्रावण पुत्रदा एकादशी का शुभ मुहूर्त) 

जुलाई में होने वाला गोचर 

इस महीने केवल एक महत्वपूर्ण गोचर होने वाला है। 16 जुलाई, 2020, सूर्य का कर्क राशि में गोचर। सूर्य ग्रह का यह गोचर 16 जुलाई 2020, सुबह 10:32 बजे कर्क राशि में होगा और 16 अगस्त 2020 शाम 18:56 बजे तक यह इसी राशि में रहेगा।

इस गोचर के बारे में विस्तार से जानने के लिए यहाँ क्लिक करें

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जुलाई में होने वाला ग्रहण 

वहीं इस महीने में एक ग्रहण भी लगने वाला है। 05 जुलाई, 2020 को उपच्छाया चंद्र ग्रहण लगने वाला है। यह चन्द्र ग्रहण 08 बज कर 38 मिनट से 11 बज कर 21 मिनट तक रहने वाला है।

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इस महीने से जुड़ी कुछ महत्वपूर्ण भविष्यवाणी : 

  • सूर्य आत्मा का कारक ग्रह है, और यह आपकी नेतृत्व क्षमता, प्रशासनिक क्षमता, पिता आदि का कारक है। ऐसे में सूर्य के गोचर के प्रभाव से इस महीने में कुछ जातकों को आपके अंदर आर्थिक मुद्दों को लेकर अनिश्चितता और असुरक्षा की भावना महसूस हो सकती है जिसके चलते वो अपनी योग्यता पर भी शक कर सकते हैं।
  • इसके अलावा इस गोचर के प्रभाव से कुछ लोगों के जीवन में नेतृत्व और प्रशासनिक गुणों में वृद्धि भी आने की संभावना है।
  • साथ ही गोचर के प्रभाव से कुछ लोगों को उनके पिता या किसी सरकारी संस्था से लाभ प्राप्त हो सकता है। हालाँकि सलाह दी जाती है कि किसी भी विशेष काम के लिए जाने से पहले अपने पिता, पितातुल्य या भगवान की मूर्तियों के चरण छूकर उनका आशीर्वाद लेना आपके लिए शुभ रहेगा।

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वहीं इस महीने होने वाले चन्द्र ग्रहण का भी प्रभाव सभी राशियों पर पड़ेगा। 

  • इस ग्रहण के चलते जहाँ कुछ लोग इस दौरान कोई नयी शिक्षा, कौशल या ज्ञान प्राप्त करने की कोशिश करेंगे, जो उनके करियर को एक नयी ऊँचाई प्रदान करेगी। तो वहीं कुछ लोगों को इस दौरान किये गए उनके प्रयास वांछित परिणाम नहीं दे सकेंगे, जिससे उनको निराशा और चिंता हो सकती है।
  • स्वास्थ्य, परिवार आगे बढ़ाने की चाह, और कोई अन्य साइड बिज़नेस शुरू करने के लिहाज़ से यह ग्रहण कुछ लोगों के लिए शुभ साबित होगा।
  • इसके अलावा आर्थिक मामलों पर ध्यान रखने की सलाह दी जाती है। लेकिन जो लोग विदेश में अवसरों की तलाश कर रहे हैं, इस दौरान उन्हें इसके बारे में कुछ सकारात्मक खबर मिल सकती है।
  • यानि कि कुल-मिलाकर जुलाई का यह महीना अपने साथ बहुत कुछ लेकर आने वाला है। सलाह यही दी जाती है कि किसी भी बात से अन्यथा परेशान ना हों और जीवन के प्रति सकारात्मक रवैया रखें, आपको इस कठिन समय से जीत अवश्य मिलेगी।

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किन राशि के जातकों के लिए शुभ रहेगा यह चन्द्र ग्रहण?

  • मिथुन , कन्या , वृश्चिक , मीन राशि के जातकों के लिए यह चन्द्र ग्रहण शुभ रहेगा।

इनके अलावा अन्य सभी राशियों पर सामान्य स्थिति रहेगी क्योंकि ये ग्रहण मांद्य ग्रहण है।

नोट: चंद्र ग्रहण को पूरे भारत के साथ साथ अमेरिका, दक्षिण-पश्चिम यूरोप और अफ्रीका के कुछ हिस्से में भी देखा जा सकता है। यह चंद्र ग्रहण दरअसल केवल मांद्य ग्रहण होगा, जिसमें चंद्रमा के आकार में किसी प्रकार का कोई परिवर्तन नहीं होगा। इस चंद्र ग्रहण में चंद्रमा की रोशनी थोड़ी सी मद्धम हो जाएगी।

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